फ्रांस की नेशनल असेंबली ने 17 अक्टूबर 2026 को स्टेबलकॉइन के बीच रूपांतरण पर कर लगाने के प्रस्ताव को मामूली अंतर से मंजूरी दी। इससे क्रिप्टो बाजार में स्टेबलकॉइन स्वैप भी कर नीति की चर्चा में आ गए हैं। फ्रांस का क्रिप्टो-एसेट ढांचा अब बाजार तक पहुंच और मनी लॉन्ड्रिंग-रोधी नियमों से आगे बढ़कर खास तरह की ट्रेडिंग गतिविधियों को भी छू सकता है।
प्रस्ताव में स्टेबलकॉइन रूपांतरण पर ध्यान
अब तक सामने आई जानकारी के मुताबिक, प्रस्ताव किसी एक स्टेबलकॉइन को निशाना नहीं बनाता। इसके बजाय, यह स्टेबलकॉइन के बीच रूपांतरण के लिए कर ढांचा बनाने की बात करता है। ये टोकन आम तौर पर अमेरिकी डॉलर या यूरो जैसी फिएट मुद्राओं के मूल्य से जुड़े होते हैं और क्रिप्टो बाजारों में धन हस्तांतरित करने, लेनदेन निपटाने और जोखिम प्रबंधन के लिए व्यापक रूप से इस्तेमाल किए जाते हैं।
नए कर नियम लागू होने पर ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म, मार्केट मेकर और खुदरा उपयोगकर्ताओं की परिचालन, रिपोर्टिंग या अनुपालन लागत बढ़ सकती है। हालांकि, प्रस्ताव में अभी कर दर, कर की गणना का आधार, इसके दायरे में आने वाले लेनदेन के प्रकार या लागू होने की तारीख तय नहीं की गई है। यह भी स्पष्ट नहीं है कि नियम प्लेटफॉर्म के भीतर किए गए रूपांतरणों, ऑन-चेन लेनदेन या सीमा-पार हस्तांतरण पर लागू होंगे या नहीं। बाजार पर व्यावहारिक असर इन्हीं विवरणों से तय होगा।
कम अंतर से मंजूरी, संसद में मतभेद
प्रस्ताव का मामूली अंतर से पारित होना दिखाता है कि स्टेबलकॉइन गतिविधियों को कर व्यवस्था में शामिल करने के तरीके पर फ्रांसीसी संसद में मतभेद हैं। समर्थकों का तर्क है कि स्पष्ट नियम स्टेबलकॉइन रूपांतरणों के लिए एक समान व्यवस्था बना सकते हैं। दूसरी ओर, बाजार प्रतिभागियों के लिए नई फाइलिंग या भुगतान संबंधी बाध्यताएं लेनदेन का रिकॉर्ड रखने और अनुपालन पूरा करने का बोझ बढ़ा सकती हैं।
संसदीय मंजूरी का अर्थ यह नहीं है कि पूरी कर व्यवस्था तत्काल लागू हो गई है। प्रस्ताव को अभी आगे की समीक्षा और विधायी प्रक्रिया के शेष चरणों से गुजरना है। इसके बाद संबंधित फ्रांसीसी अधिकारियों को लागू करने संबंधी दिशा-निर्देश देने होंगे।
डिजिटल-एसेट बाजारों में स्टेबलकॉइन का इस्तेमाल अक्सर लेनदेन निपटाने के लिए होता है। ऐसे में रूपांतरण के चरण पर अलग से कर लगाने पर प्लेटफॉर्म को लेनदेन रिकॉर्ड, उपयोगकर्ताओं की रिपोर्टिंग प्रक्रिया और शुल्क संबंधी जानकारी में बदलाव करना पड़ सकता है।
कर दर और दायरा अब भी अनिश्चित
बाजार के लिए अब मुख्य सवाल यह है कि अंतिम नियमों का दायरा क्या होगा। अगर कर केवल कुछ खास तरह के रूपांतरणों पर लागू होता है, तो असर मुख्य रूप से ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म और अधिक आवृत्ति वाली गतिविधियों तक सीमित रह सकता है। लेकिन रोजमर्रा के उपयोगकर्ताओं के सामान्य रूपांतरण भी दायरे में आए, तो कर फाइलिंग की जिम्मेदारियां और प्लेटफॉर्म की डेटा-संग्रह संबंधी जरूरतें बढ़ सकती हैं।
अंतिम विधायी पाठ और लागू करने के नियम सामने आने तक फ्रांस के स्टेबलकॉइन बाजार के लिए कर दर, कर लगाए जाने का समय, संभावित छूट और सीमा-पार लेनदेन का तरीका अहम अनिश्चितताएं हैं। फिलहाल इतना तय है कि स्टेबलकॉइन रूपांतरण फ्रांस की औपचारिक कर नीति प्रक्रिया में शामिल हो गए हैं; आगे के विधायी कदम तय करेंगे कि इसका व्यापक क्रिप्टो-एसेट ट्रेडिंग बाजार पर क्या असर पड़ेगा।