दो साल से सिंगल मैथ्यू ने मंगलवार की एक रात Hinge डाउनलोड किया। उनका पहला राइट स्वाइप ही इस ऐप पर उनका इकलौता स्वाइप बना—और उससे लॉरेन से मैच हुआ, जो बाद में उनकी गर्लफ्रेंड बनीं। पहली डेट से ही दोनों ने रिश्ते की अपेक्षाओं, बच्चे चाहने या न चाहने और वित्तीय लक्ष्यों पर खुलकर बात की। मिलने के तीन हफ्तों के भीतर, तीसरी डेट के बाद, उन्होंने अपने रिश्ते को आधिकारिक रूप दे दिया।
उस शाम तक मैथ्यू अकेले रहने के आदी हो चुके थे। फिर उन्हें लगा कि वे अब भी किसी से जुड़ना चाहते हैं और दोबारा पहली डेट पर जाने के लिए तैयार हैं।
करीब 20 मिनट बाद उन्होंने Hinge डाउनलोड कर प्रोफाइल बना ली। कई प्रोफाइल देखने के बाद उनकी नजर लॉरेन की एक तस्वीर पर ठहर गई—वह क्लाइम्बिंग जिम में बोल्डरिंग कर रही थीं।
मैथ्यू ने पहले कभी Hinge इस्तेमाल नहीं किया था। एक बार राइट स्वाइप करने के बाद उन्होंने ऐप बंद कर दिया और फिर नहीं खोला। लगभग उसी समय लॉरेन को सूचना मिली कि उन्हें किसी ने लाइक किया है।
लॉरेन को चाहिए था रिश्ते को लेकर साफ इरादा
लॉरेन कई साल से कभी-कभी Hinge इस्तेमाल कर रही थीं। वह लंबे समय के रिश्ते की तलाश में थीं, बच्चे नहीं चाहती थीं और चाहती थीं कि उनके साथी को बिल्लियां पसंद हों।
ऐप पर कई लोग कहते थे कि वे डेटिंग से क्या चाहते हैं, यह अभी तय कर रहे हैं। कुछ बच्चे चाहने या न चाहने को लेकर अनिश्चित थे, लेकिन इसके लिए तैयार थे। लॉरेन पहले ऐसे लोगों को मौका दे चुकी थीं, पर उन रिश्तों की बात आगे नहीं बढ़ी। इसलिए प्रतिबद्ध रिश्ते की चाह और बच्चे न चाहने की बात साफ लिखी हुई प्रोफाइल उन्हें अलग लगी।
मैथ्यू की प्रोफाइल इन दोनों बातों पर उनसे मेल खाती थी। लॉरेन ने इसे अनुकूलता का मजबूत संकेत माना और जल्दी जवाब दिया। पहली डेट के बाद दोनों को पता चला कि रिश्ते और जीवन को लेकर उनकी सोच मिलती-जुलती है और उनके वित्तीय लक्ष्य भी करीब हैं। डेटिंग से पहले दोनों ने जिन बातों को अपने लिए निर्णायक माना था, वे आपसी टकराव की वजह नहीं बनीं।
मुलाकात के तीन हफ्तों के भीतर वे रिश्ते में आ गए। लॉरेन का अनुभव आम नहीं था: मैथ्यू ने Hinge पर सिर्फ एक व्यक्ति को राइट स्वाइप किया था और उसी से उनका मैच हो गया।
क्लाइम्बिंग की तस्वीर बनी बातचीत की शुरुआत
बोल्डरिंग वाली तस्वीर से ही उनकी कहानी शुरू हुई। मैथ्यू को क्लाइम्बिंग पसंद है और उन्होंने बताया कि उनकी देखी प्रोफाइलों में सिर्फ लॉरेन की तस्वीर में यह गतिविधि दिखी थी। यही तस्वीर उन्हें राइट स्वाइप करने की वजह बनी।
उनका जुड़ाव सिर्फ क्लाइम्बिंग तक सीमित नहीं था। दोनों को ऐसी छोटी-मोटी बातचीत पसंद नहीं थी जो कहीं न पहुंचे, इसलिए शुरुआती परिचय के बाद वे जल्दी ही गहरी बातों पर आ गए। उन्होंने चर्चा की कि रिश्ते से क्या चाहते हैं, उन्हें किस बात का डर है और वे अपनी साझेदारी को कैसा देखना चाहते हैं।
लॉरेन ने क्लाइम्बिंग की तस्वीर इस सोच के साथ लगाई थी कि पहली डेट पर बातचीत शुरू करने का एक सहज विषय मिल जाएगा। उन्हें अंदाजा नहीं था कि यही रुचि मैथ्यू का ध्यान खींचने वाली पहली बात बनेगी।
बच्चे और रिश्ते की अपेक्षाओं पर जल्दी हुई बात
बाद में लॉरेन ने दोनों के मिलने के तरीके की तुलना क्लाइम्बिंग रूट पूरा करने के लिए सही क्रम में चालें चुनने से की—जिसे इस खेल में “बीटा” कहा जाता है। उनके मुताबिक, दोनों ने धीरे-धीरे ऐसा रास्ता तलाशा जो उन दोनों के लिए काम करे।
शुरुआत में ही उन्होंने अपनी अनिवार्य शर्तों, पिछले रिश्तों से मिली सीख और साथी में अहम लगने वाले गुणों पर बात की। इन बातचीतों से अनिश्चितता का दौर छोटा हुआ और दोनों को अपनी अनुकूलता समझने में मदद मिली।
मैथ्यू के लिए यह एक ही मौके की बात थी: उन्होंने ऐप खोला, एक बार राइट स्वाइप किया और लॉरेन से मैच हो गया। लॉरेन का अनुभव कई साल के डेटिंग-ऐप संवादों के बाद आया था—कुछ बातचीतों में सामने वाला अनिश्चित था, जबकि कुछ आगे नहीं बढ़ीं। मैथ्यू की प्रोफाइल में परिवार की योजना और रिश्ते के इरादे, दोनों साफ थे।
उनका अनुभव डेटिंग ऐप्स पर मिलने वाले आम नतीजों का प्रतिनिधित्व नहीं करता। लेकिन यह दिखाता है कि प्रोफाइल में किसी खास और सच्ची रुचि का जिक्र, सामान्य परिचय की तुलना में बातचीत शुरू करने का अधिक सहज आधार बन सकता है।