होमलैंड सिक्योरिटी इन्वेस्टिगेशंस ने 12 अक्टूबर को मिनेसोटा की प्रतिनिधि इल्हान उमर के वॉशिंगटन स्थित आवास की तलाशी लेकर फोन, लैपटॉप, एक कंप्यूटर और पासपोर्ट जब्त किए। न्याय विभाग ने कहा कि यह कार्रवाई जारी संघीय आपराधिक जांच का हिस्सा है, लेकिन अब तक किसी खास आरोप की जानकारी नहीं दी गई है। जांच में उमर के नागरिकता हासिल करने के दस्तावेज़, वित्तीय खुलासे और आव्रजन रिकॉर्ड शामिल हो सकते हैं। इससे सार्वजनिक पदाधिकारियों के कानूनी जोखिमों और संघीय जांच की प्रक्रिया पर फिर ध्यान गया है।
तलाशी के समय उमर अपने पति के साथ घर पर थीं। वारंट अदालत से मंजूर कराया गया था। इसके बाद जांचकर्ताओं ने उनके परिवार के सदस्यों को एक दर्जन से अधिक समन जारी किए। सार्वजनिक रूप से उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, जांच का एक पहलू 2000 में अमेरिकी नागरिकता लेते समय उमर की ओर से जमा किए गए दस्तावेज़ हैं। इनमें यह सवाल भी शामिल है कि क्या 1995 में अमेरिका पहुंचने के समय उनकी उम्र रिकॉर्ड में सही दर्ज थी।
नागरिकता के आवेदन में उम्र और दस्तावेज़ों की जांच
उमर का जन्म सोमालिया में हुआ था। बाद में उनका परिवार केन्या के एक शरणार्थी शिविर में रहा। वह 1995 में अपने पिता और अन्य रिश्तेदारों के साथ अमेरिका पहुंचीं और 2000 में नागरिकता की प्रक्रिया पूरी की। जांच का एक मुख्य सवाल यह है कि क्या उनके पिता ने आवेदन में उनकी उम्र 17 वर्ष दर्ज की थी, जबकि वह 18 वर्ष की हो चुकी थीं।
18 वर्ष या उससे अधिक उम्र के आवेदक पर नाबालिग बच्चे से अलग आव्रजन प्रक्रिया लागू हो सकती है। जांचकर्ता यह देख रहे हैं कि जन्मतिथि, उम्र और आवेदन प्रक्रिया से जुड़े रिकॉर्ड में कोई ऐसा गलत बयान तो नहीं था जो मामले के लिए महत्वपूर्ण हो। न्याय विभाग ने ऐसा कोई सबूत जारी नहीं किया है जिससे अपराध साबित हो, और न ही यह बताया है कि जांच के बाद आपराधिक आरोप लगाए जाएंगे या नहीं।
उमर के विवाह संबंधी इतिहास पर भी सवाल उठे हैं। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और अन्य लोगों ने आरोप लगाया है कि उन्होंने आव्रजन दर्जा हासिल करने के लिए अपने भाई से शादी की थी। उमर ने इस आरोप से इनकार किया है और जांच को निराधार राजनीतिक हमला बताया है।
वित्तीय खुलासों की भी पड़ताल
जांच में उमर की मौजूदा शादी, उनके पति टिमोथी मायनेट के साथ वित्तीय मामलों को भी देखा जा रहा है। मायनेट डेमोक्रेटिक पार्टी के पूर्व राजनीतिक सलाहकार हैं। अमेरिकी अटॉर्नी जीनिन पिरो ने कहा कि उनका कार्यालय उमर की ओर से दाखिल वित्तीय खुलासा फॉर्म की समीक्षा कर रहा है। सार्वजनिक जानकारी में यह नहीं बताया गया है कि किन संपत्तियों, लेन-देन या रिपोर्टिंग मदों पर सवाल है। अब तक किसी उल्लंघन की पुष्टि भी नहीं हुई है।
वित्तीय खुलासों की जांच इसलिए अहम है क्योंकि ऐसे दस्तावेज़ किसी निर्वाचित प्रतिनिधि की कानूनी जवाबदेही के साथ-साथ हितों के टकराव की समीक्षा और सरकारी पारदर्शिता में जनता के भरोसे से जुड़े होते हैं। जांच में जुटाए गए रिकॉर्ड फिलहाल साक्ष्य के तौर पर समीक्षा के अधीन हैं; अपने आप में वे कानून तोड़ने का निष्कर्ष नहीं हैं।
उमर के पिता की पृष्ठभूमि पर उठे सवाल
परिवार के अमेरिका पहुंचने के बाद उमर के पिता नूर उमर मोहम्मद पहले वॉशिंगटन में रहे और फिर मिनेसोटा चले गए। उन्होंने टैक्सी चालक और डाक कर्मचारी समेत कई काम किए। उमर ने उन्हें शिक्षक बताया है। 2020 में कोविड-19 से जुड़ी जटिलताओं के कारण उनका निधन हुआ।
उनके पिता के पुराने जीवन से जुड़े विवाद उमर की आव्रजन पृष्ठभूमि की नई पड़ताल का हिस्सा बन गए हैं। एक इतिहासकार और शोधकर्ता ने कहा है कि मोहम्मद सोमालिया के पूर्व राष्ट्रपति सियाद बर्रे की सेना में कर्नल थे और उन्होंने लंबे समय तक शिक्षक के रूप में काम किया था या नहीं, इस पर सवाल उठाया है। अन्य आरोपों में कहा गया है कि शरणार्थी दर्जे के लिए आवेदन करते समय उन्होंने अपने निजी इतिहास के बारे में गलत जानकारी दी थी।
मोहम्मद की सैन्य सेवा और पहचान से जुड़े इन दावों का उमर की ओर से अमेरिकी आव्रजन कानून के उल्लंघन से कोई प्रत्यक्ष संबंध सार्वजनिक रूप से साबित नहीं हुआ है। यह तय करने के लिए कि कोई कानूनी रूप से महत्वपूर्ण गलत बयान दिया गया था या नहीं, न्याय विभाग और जांचकर्ताओं को मूल आव्रजन फाइलों, नागरिकता के दस्तावेज़ों और अन्य साक्ष्यों की जांच करनी होगी।
नागरिकता रद्द करने के लिए अदालत का फैसला जरूरी
ट्रंप प्रशासन ने हाल के समय में उन लोगों के खिलाफ हिरासत और निर्वासन की कार्रवाई तेज की है जिन पर अमेरिका में अवैध रूप से रहने का संदेह है। स्थायी निवासियों और ग्रीन कार्ड धारकों की भी जांच हुई है। इसी दौरान सरकार ने प्राकृतिककरण के जरिए मिली नागरिकता रद्द कराने के लिए अधिक मुकदमे दायर किए हैं। प्राकृतिककरण से मिली नागरिकता जन्म से मिलने वाली नागरिकता से अलग होती है।
नागरिकता रद्द कराने के मुकदमे में आम तौर पर न्याय विभाग को अदालत में यह साबित करना होता है कि व्यक्ति ने नागरिकता के लिए पात्रता से जुड़ा कोई महत्वपूर्ण गलत बयान दिया था। अगर उमर की जांच इस दिशा में आगे बढ़ती है, तो अभियोजन पक्ष को सिर्फ यह दिखाना पर्याप्त नहीं होगा कि कोई जानकारी गलत थी। उसे यह भी दिखाना होगा कि उस जानकारी से उस समय नागरिकता देने का फैसला प्रभावित हो सकता था।
मुकदमा दायर होने पर भी नागरिकता रद्द होना तत्काल निर्वासन के बराबर नहीं होगा। इस प्रक्रिया में अदालत की सुनवाई और आव्रजन कानून के तहत आगे के कदम शामिल हो सकते हैं।
उमर ने तलाशी को राजनीतिक प्रतिद्वंद्वी के खिलाफ संघीय कानून-प्रवर्तन एजेंसियों के इस्तेमाल का ताजा उदाहरण बताया है। उन्होंने कहा है कि वह कांग्रेस में अपना काम जारी रखेंगी। ट्रंप ने जांच में अपनी भूमिका से इनकार किया है, लेकिन सार्वजनिक रूप से उमर से सोमालिया लौटने को कहा और ओहायो की एक रैली में तलाशी का जिक्र किया। यह तलाशी नवंबर के मध्यावधि चुनावों से कुछ सप्ताह पहले हुई थी। कई डेमोक्रेटिक सांसदों ने कहा है कि उमर के खिलाफ आरोपों के पीछे लंबे समय से तथ्यात्मक आधार नहीं रहा है।
न्याय विभाग ने अब तक सिर्फ इतना बताया है कि जांच जारी है। उसने तलाशी वारंट का पूरा पाठ, समनों का विवरण या कोई औपचारिक आरोपपत्र जारी नहीं किया है। उमर पर आपराधिक आरोप लगेंगे या नहीं, वित्तीय खुलासों से जुड़ी कोई कार्रवाई होगी, नागरिकता रद्द करने का मुकदमा दायर होगा या कोई अन्य आव्रजन प्रक्रिया शुरू होगी—यह जुटाए गए साक्ष्यों और आगे के न्यायिक फैसलों पर निर्भर करेगा।