AMD (Advanced Micro Devices) के शेयर में तेज गिरावट से लाभ लेने के लिए पुट रेशियो बैकस्प्रेड का इस्तेमाल किया जा सकता है। इसमें सीधे पुट खरीदने की तुलना में शुरुआती लागत कम हो सकती है, लेकिन नतीजा इस बात पर काफी निर्भर करता है कि गिरावट कितनी तेज और कितनी बड़ी है। धीरे-धीरे फिसलता शेयर इस रणनीति के लिए प्रतिकूल साबित हो सकता है।
पुट रेशियो बैकस्प्रेड कैसे बनता है
इस रणनीति में आम तौर पर एक पुट ऑप्शन बेचा जाता है और उससे कम स्ट्राइक—यानी अधिक आउट-ऑफ-द-मनी—वाले दो पुट खरीदे जाते हैं। अगर AMD का शेयर तेजी से गिरता है, तो गिरावट बढ़ने के साथ दोनों खरीदे गए पुट का मूल्य बढ़ सकता है। शेयर स्थिर रहे या चढ़े, तो दिए गए विवरण के मुताबिक इस स्थिति में नुकसान जरूरी नहीं है। हालांकि, वास्तविक लाभ-हानि ऑप्शन प्रीमियम, स्ट्राइक मूल्य, एक्सपायरी और लेनदेन लागत पर निर्भर करेगी।
सीधे पुट खरीदने की तुलना में कम शुरुआती लागत इस संरचना की एक संभावित विशेषता है। इसमें वेगा एक्सपोजर भी सकारात्मक होता है: इम्प्लाइड वोलैटिलिटी बढ़ने पर ऑप्शन की कीमतें बढ़ सकती हैं और स्थिति को सहारा मिल सकता है। इसलिए AMD में तेज गिरावट के साथ बाजार की वोलैटिलिटी बढ़े, तो शेयर की चाल और वोलैटिलिटी—दोनों से लाभ हो सकता है।
उदाहरण में नवंबर 2026 की एक्सपायरी
दिए गए उदाहरण में 20 नवंबर 2026 को एक्सपायर होने वाले ऑप्शन शामिल हैं। इसमें $510 स्ट्राइक वाला एक पुट बेचने की बात है, जिसका संदर्भित हालिया मूल्य $9.50 प्रति शेयर है। रेशियो बैकस्प्रेड पूरा करने के लिए इससे कम स्ट्राइक वाले दो पुट खरीदने होंगे।
उदाहरण $510 पुट बेचने का विवरण देने के बाद रुक जाता है। खरीदे जाने वाले दोनों पुट के स्ट्राइक और प्रीमियम नहीं बताए गए हैं। इसलिए उपलब्ध जानकारी से पोजिशन खोलने की शुद्ध लागत, अधिकतम नुकसान की सीमा या ब्रेक-ईवन स्तर निकालना संभव नहीं है। इसे ट्रेड के पूरे पैरामीटर के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए।
नतीजे में गिरावट की गति और समय भी अहम
इस रणनीति का परिणाम सिर्फ इस बात से तय नहीं होता कि एक्सपायरी पर AMD ऊपर है या नीचे। गिरावट का आकार और उसका समय भी उतने ही महत्वपूर्ण हैं। उदाहरण में तेज और बड़ी गिरावट को रणनीति के अनुकूल बताया गया है, जबकि धीरे-धीरे नीचे जाना कम अनुकूल हो सकता है। शेयर स्थिर रहने या चढ़ने पर नुकसान न होने का दावा भी वास्तविक ऑप्शन भावों और पूरी पोजिशन की गणना का विकल्प नहीं है।
बेचे गए पुट और खरीदे गए दोनों पुट मिलकर पोजिशन का जोखिम-प्रोफाइल तय करते हैं। इम्प्लाइड वोलैटिलिटी, एक्सपायरी तक बचा समय और AMD का शेयर मूल्य—तीनों ऑप्शन के मूल्य को प्रभावित करेंगे। उदाहरण में खरीदे जाने वाले पुट के जरूरी भाव उपलब्ध नहीं हैं, इसलिए अलग-अलग बाजार स्थितियों में संभावित लाभ और जोखिम का आकलन अभी नहीं किया जा सकता।