हैती ने 2021 में पूर्व राष्ट्रपति जोवेनल मोइज़ की हत्या में शामिल होने के आरोपी 18 लोगों को अमेरिका में मुकदमे के लिए फ्लोरिडा भेज दिया है। पोर्ट-ओ-प्रिंस स्थित अपने आवास में जुलाई 2021 में मोइज़ की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। हैती के बड़े हिस्से पर गिरोहों के नियंत्रण और बिगड़ती सुरक्षा स्थिति के बीच देश की घरेलू जांच आगे नहीं बढ़ सकी, जिसके बाद मामले में अमेरिकी अभियोजकों की भूमिका प्रमुख हो गई है।
फ्लोरिडा के दक्षिणी जिले के अमेरिकी अटॉर्नी जेसन रेडिंग क्विन्योनेस ने इस स्थानांतरण को राष्ट्रपति की हत्या के लिए जिम्मेदार लोगों को जवाबदेह ठहराने की कोशिशों का “अगला चरण” बताया। उन्होंने कहा कि हत्या के पांच साल बाद भी अमेरिकी अदालतों में आरोपियों को लाया जा रहा है और न्यायिक प्रक्रिया अभी पूरी नहीं हुई है। अमेरिकी अभियोजक अब तक इस मामले में 30 लोगों पर आरोप लगा चुके हैं।
18 आरोपियों को फ्लोरिडा भेजा गया
अमेरिका भेजे गए समूह में कोलंबिया के 17 पूर्व सैनिक और हैती सरकार के पूर्व अधिकारी जोसेफ बैडियो शामिल हैं। बैडियो ने पहले हैती के न्याय मंत्रालय की भ्रष्टाचार-रोधी इकाई में काम किया था। अमेरिकी अधिकारियों का आरोप है कि मियामी स्थित एक सुरक्षा कंपनी ने पूर्व कोलंबियाई सैनिकों की भर्ती में केंद्रीय भूमिका निभाई।
अमेरिकी अभियोजकों के अनुसार, कथित साजिश की योजना और वित्तपोषण में फ्लोरिडा, डोमिनिकन गणराज्य और हैती शामिल थे। गिरोहों के नियंत्रण और व्यापक सामाजिक अव्यवस्था के बीच हैती की न्याय व्यवस्था के लिए मामले को स्वतंत्र रूप से आगे बढ़ाना बेहद कठिन रहा है। इसी वजह से हिरासत में रखे गए संदिग्धों को संघीय कार्यवाही के लिए फ्लोरिडा स्थानांतरित किया गया।
एफबीआई एजेंट ब्रेट स्काइल्स ने कहा कि कई स्थानों और देशों में समन्वित गिरफ्तारियां दिखाती हैं कि ब्यूरो कथित साजिश में शामिल सभी लोगों की तलाश जारी रखे हुए है। मामले से पहले जुड़े कई लोग हैती पुलिस के अभियानों के दौरान मारे जा चुके हैं।
दोषियों को उम्रकैद का सामना करना पड़ सकता है
इस वर्ष मई में मियामी की एक अदालत ने चार लोगों को साजिश में शामिल होने का दोषी ठहराया। आरोपों में मोइज़ की हत्या या अपहरण की साजिश और किसी राष्ट्रपति की हत्या के लिए भौतिक सहायता उपलब्ध कराने की साजिश शामिल थी। दोषी ठहराए गए लोगों को उम्रकैद की सजा हो सकती है।
हालांकि, कोलंबिया के कुछ पूर्व सैनिक लगातार इस बात से इनकार करते रहे हैं कि उन्हें हत्या की किसी योजना की जानकारी थी। उनका कहना है कि उन्हें बताया गया था कि वे तख्तापलट में हिस्सा लेने जा रहे हैं और उन्हें मोइज़ की हत्या के बजाय सैन्य अभियान के लिए नियुक्त किया गया था। अमेरिकी कार्यवाही में उनकी वास्तविक भूमिकाएं और कथित अंतिम लक्ष्य की उन्हें कितनी जानकारी थी, यह प्रमुख मुद्दा बना रहेगा।
मोइज़ की हत्या के समय हथियारबंद लोग पोर्ट-ओ-प्रिंस स्थित उनके आवास में घुसे और शयनकक्ष में गोलीबारी की। हमले में 53 वर्षीय राष्ट्रपति की मौत हो गई। इस हत्या से हैती का समाज हिल गया और देश की सुरक्षा तथा न्यायिक संस्थाओं की कमजोरियां सामने आईं। इसके बाद से गिरोहों का प्रभाव बढ़ा है, जबकि लगातार जारी हिंसा ने राजधानी और देश के अन्य हिस्सों में आवाजाही, कारोबारी गतिविधियों और सार्वजनिक सेवाओं को प्रभावित किया है।
सुरक्षा संकट से हैती की चुनावी योजना प्रभावित
हैती में संयुक्त राष्ट्र के एकीकृत कार्यालय के आंकड़ों के अनुसार, इस वर्ष अप्रैल से जून के बीच कम से कम 1,408 लोग मारे गए और 656 घायल हुए। जारी गिरोह हिंसा ने हत्या मामले में अभियोजन को कठिन बनाया है और कारोबार, सीमा-पार परिवहन तथा वित्तीय गतिविधियों को लेकर अनिश्चितता बढ़ाई है। अमेरिकी न्यायिक प्रक्रिया में आगे की प्रगति आरोपियों के लगातार स्थानांतरण, साक्ष्यों की तैयारी और कई देशों की कानून-प्रवर्तन एजेंसियों के बीच सहयोग पर निर्भर करेगी।
हैती 13 दिसंबर को 2016 के बाद पहली बार राष्ट्रपति और विधायी चुनाव कराने की योजना बना रहा है। हालांकि, मतदान तय कार्यक्रम के अनुसार हो पाएगा या नहीं, यह अब भी सुरक्षा स्थिति पर निर्भर है। 18 संदिग्धों का स्थानांतरण हत्या मामले को अमेरिका में एक नया न्यायिक रास्ता देता है, लेकिन हिंसा का स्तर और हैती की न्याय व्यवस्था की सीमाएं मुकदमे की गति तथा चुनावी समय-सारणी—दोनों के लिए महत्वपूर्ण बनी हुई हैं।