50 देशों की यात्रा पूरी करना बना एक महत्वपूर्ण अनुभव का संकेत
मेस्सी स्ट्राम ने इस वर्ष अपना 50वां देश देखा, जो उनके लिए एक बड़ा व्यक्तिगत मुकाम था। हालांकि यह संख्या अब उनके यात्रा आंदोलन का निर्धारण नहीं करती। वर्षों की यात्रा के अनुभवों के बाद मेस्सी ने कहा कि अब उनका ध्यान सिर्फ गंतव्यों को जिन्दा निशान लगाने से हटकर, खासी अर्थपूर्ण अनुभव जुटाने पर है।
तेज़ गति वाली यात्राओं के दबाव और सीमाएं
शुरुआती दौर में मेस्सी अक्सर कई देशों को कम समय में देखकर निकल जाती थीं। उदाहरण के तौर पर, जून 2019 में उन्होंने अपने मित्रों के साथ दस दिनों में ग्रीस, क्रोएशिया, चेक गणराज्य, हंगरी और जर्मनी की यात्रा की। इस तेज़ गति में अथिेंस में भी एक्रोपोलिस की ठीक से यात्रा संभव नहीं हो पायी थी। अधिकांश शहरों में ठहराव 48 घंटे से कम का होता, जो अधिकतर उड़ानों और प्रमुख स्थलों की दौड़ में बीतता। कभी-कभी एयरपोर्ट में बिताया गया समय स्थानीय स्थलों के भ्रमण से भी ज्यादा था, जिससे यात्रा अधिक एक पारगमन की तरह लगती थी।
सोशल मीडिया का प्रभाव: संख्या पर दबाव और गुणवत्ता से समझौता
सामाजिक मंचों पर देश यात्रा की संख्या को दिखाने की चाह ने यात्राओं को एक "टिक मार्क" चुनौती में बदल दिया, जहां वास्तविक अनुभव की बजाय स्थानों को सूचीबद्ध करना प्राथमिकता बन गया। मेस्सी इसे ‘‘बॉक्स चेकिंग’’ बताते हैं, जहां हर देश को सिर्फ दर्ज करने की होड़ लगी रहती थी। व्यावहारिक सीमाओं के चलते ऐसा करना आसान था, लेकिन वर्ष 2023 के अंत में नौकरी छूटने के बाद उन्हें अलग तरह की यात्राओं के लिए समय मिला।
धीमी यात्रा के अनुभव में गहराई
2024 की शुरुआत से मेस्सी अधिकतर एशिया और ऑस्ट्रेलिया में तीन सप्ताह से अधिक समय तक रुककर यात्रा कर रही हैं। इस धीमी गति से वे स्थानीय संस्कृति, इतिहास और छुपे हुए अनुभवों से जुड़ रही हैं। मलेशियाई बोर्नियो की किनाबटांगन नदी पर तीन दिन की खोज में उन्होंने ओरंगुटान और मगरमच्छों को देखा, जबकि इंडोनेशिया के कोमोदो द्वीपों में नौकायन करते हुए एडवांस डाइविंग सर्टिफिकेट हासिल की, जिससे क्षेत्र की भौगोलिक और सांस्कृतिक विविधता को समझने का मौका मिला।
बार-बार यात्रा से गहरे संबंध बनाना
मेस्सी अब पहले देखे गए देशों को पूरी तरह खत्म नहीं मानतीं। वे बार-बार लौटकर रिश्ते मजबूत करती हैं, जैसे इटली और बोस्निया और हर्जेगोविना में, जहाँ उन्होंने साराजेवो में भी आधार बनाया। इससे भाषा कौशल बेहतर हुआ और उनसे जुड़ाव मजबूत हुआ। उनकी अभी की यात्रा योजना भी अपनी जमीनी समझ एवं मौजूदा संबंधों को और बढ़ाने पर केन्द्रित है।
यात्रा के नए उद्देश्य और प्राथमिकताएं
मेस्सी के सामने यूरोप के अभी 12 देश देखे जाना बाकी हैं, पर अब उन नंबरों की अहमियत पहले जैसी नहीं रही। हर नया देश देखना निश्चित रूप से संतुष्टि देता है, लेकिन असली महत्व अब यात्रा के ज़रिये मिलने वाले अर्थपूर्ण अनुभव और जीवन की गुणवत्ता में हो गया है।