अमेरिकी एयरलाइन शेयरों में इस सप्ताह हल्की रिकवरी देखने को मिली, लेकिन तिमाही नतीजों ने दिखाया कि मजबूत यात्रा मांग का असर तेजी से बढ़ती ईंधन लागत से सीमित हो रहा है। यूनाइटेड एयरलाइंस तीसरी तिमाही के मुनाफे के अनुमान से चूक गई और उसने अपना आउटलुक घटा दिया। अलास्का एयरलाइंस के नतीजे भी बाजार की अपेक्षाओं से कमजोर रहे। साउथवेस्ट एयरलाइंस बुधवार को बाजार बंद होने के बाद नतीजे जारी करेगी, जबकि अमेरिकन एयरलाइंस ने गुरुवार सुबह निवेशक कॉल निर्धारित की है।
यूनाइटेड की तीसरी तिमाही की समायोजित प्रति शेयर आय सालाना आधार पर करीब 9% घटकर 2.54 डॉलर रही, जबकि आम सहमति का अनुमान 2.57 डॉलर था। राजस्व 17% से अधिक बढ़कर 17.86 अरब डॉलर के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंचा, लेकिन 17.89 अरब डॉलर के बाजार अनुमान से थोड़ा कम रहा।
प्रीमियम सीटों और कार्गो से राजस्व को सहारा
यूनाइटेड ने बताया कि राजस्व वृद्धि को प्रीमियम केबिन, बेसिक इकोनॉमी किरायों, लॉयल्टी कार्यक्रम और कार्गो कारोबार समेत कई इकाइयों से समर्थन मिला। कुल यात्री मांग मजबूत बनी रही, जिससे एयरलाइन ने नया राजस्व रिकॉर्ड बनाया। हालांकि, बिक्री में हुई बढ़ोतरी पूरी तरह ऊंचे मुनाफे में नहीं बदल सकी।
तिमाही के दौरान दबाव का सबसे बड़ा स्रोत ईंधन खर्च रहा। यूनाइटेड का ईंधन व्यय पिछले साल की समान अवधि के मुकाबले 62% बढ़कर 4.84 अरब डॉलर से अधिक हो गया। औसत ईंधन कीमत भी एक साल पहले के 2.43 डॉलर प्रति गैलन से बढ़कर 3.90 डॉलर प्रति गैलन हो गई। इस दौरान लागत में वृद्धि राजस्व बढ़ोतरी की तुलना में काफी तेज रही।
यूनाइटेड ईंधन लागत का अधिक हिस्सा ग्राहकों पर डालना चाहती है
यूनाइटेड के CEO स्कॉट किर्बी ने कहा कि कंपनी ने अब तक ईंधन कीमतों में वृद्धि के प्रभाव का लगभग 72% ग्राहकों पर डाल दिया है और इस हिस्से को करीब 100% तक ले जाने का लक्ष्य है। इसका मतलब किरायों या यात्रियों से लिए जाने वाले अन्य शुल्कों में ईंधन से जुड़ी और बढ़ोतरी हो सकती है। इससे मांग और एयरलाइनों की किराया तय करने की क्षमता पर भी असर पड़ सकता है।
निवेशकों के लिए यूनाइटेड के नतीजे एयरलाइन उद्योग के सामने मौजूद मुख्य दबाव को रेखांकित करते हैं। यात्रियों की संख्या और विविध राजस्व स्रोत कुल बिक्री को सहारा दे रहे हैं, लेकिन ऊंची ईंधन लागत मुनाफे को सीमित कर रही है। अब बाजार का ध्यान केवल यात्रा मांग की वापसी पर नहीं, बल्कि इस बात पर भी है कि एयरलाइंस मार्जिन को बचाते हुए बढ़ी हुई लागत ग्राहकों तक कितनी प्रभावी ढंग से पहुंचा पाती हैं।
चौथी तिमाही की आय का अनुमान कमजोर
यूनाइटेड ने चौथी तिमाही की समायोजित प्रति शेयर आय 0.50 से 1.50 डॉलर के बीच रहने का अनुमान दिया है। एयरलाइन ने अपना आउटलुक भी घटाया, हालांकि उपलब्ध जानकारी में कटौती का पूरा आकार या इसके विस्तृत कारण नहीं बताए गए।
साउथवेस्ट और अमेरिकन एयरलाइंस के नतीजे तथा प्रबंधन की टिप्पणियां उद्योग में मांग, किराया स्तर और ईंधन लागत के दबाव को लेकर आगे के संकेत देंगी। यूनाइटेड के नतीजों के बाद एयरलाइन शेयरों में हल्की रिकवरी बनी रही, लेकिन यह कदम ईंधन लागत के दबाव में कमी के बजाय यात्रा मांग को लेकर जारी भरोसे को दर्शाता दिखा। शेयर प्रदर्शन का अगला चरण इस बात पर निर्भर करेगा कि प्रत्येक एयरलाइन किरायों, यात्रियों की संख्या और लागत के बीच किस तरह संतुलन बनाती है।