प्रॉप ट्रेडिंग फर्मों की तुलना करने वाली वेबसाइट Prop Firm Match की एफिलिएट रेफरल ट्रैकिंग पर सवाल उठे हैं। ट्रेडर Kane का आरोप है कि कंपनी प्रोफाइल या कूपन कोड बटन पर क्लिक करने से ब्राउज़र का मूल टैब एफिलिएट लिंक के जरिए रीडायरेक्ट हो सकता है। इसके बाद Apex Trader Funding, Tradeify, Topstep और Goat Funded Trader ने बताया कि वे प्लेटफॉर्म के साथ अपनी साझेदारी खत्म कर रहे हैं या कर चुके हैं। Prop Firm Match ने कहा कि वह मामले की जांच कर रहा है और 24 घंटे के भीतर विस्तृत बयान देगा।
Kane का आरोप: साइट पर क्लिक से एफिलिएट रीडायरेक्ट
29 अक्टूबर को X पर पोस्ट किए गए एक वीडियो में Kane ने कहा कि कंपनी प्रोफाइल पेज और कूपन कोड बटन जैसी सुविधाओं का इस्तेमाल करने पर ब्राउज़र का मूल टैब प्रॉप ट्रेडिंग फर्म के एफिलिएट लिंक से होकर जाता दिखाई दिया, जबकि उपयोगकर्ता जिस पेज को खोलना चाहता था, वह नए टैब में लोड हुआ। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या इससे ऐसे एफिलिएट ट्रैकिंग डेटा दर्ज हो सकते हैं, जबकि उपयोगकर्ता ने किसी स्पष्ट रूप से बाहरी लिंक पर क्लिक नहीं किया हो।
वीडियो में Kane ने My Funded Futures (MFFU) का उदाहरण दिया, लेकिन उनका आरोप Prop Firm Match की कार्यप्रणाली को लेकर था; उन्होंने MFFU पर इस तरीके में शामिल होने का आरोप नहीं लगाया। Kane ने कहा कि साइट पर सूचीबद्ध दूसरी फर्मों के साथ भी ऐसा हो सकता है, हालांकि उन्होंने हर पेज की जांच नहीं की थी। इसलिए फिलहाल ये दावे एक ट्रेडर के अनुभव पर आधारित हैं और रीडायरेक्ट किस वजह से होता है तथा उसका दायरा कितना है, इसकी स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
Apex, Tradeify और अन्य फर्मों ने साझेदारी खत्म की
Apex Trader Funding ने 30 अक्टूबर को कहा कि उसने Prop Firm Match के साथ अपनी एफिलिएट साझेदारी तत्काल खत्म कर दी है और उससे जुड़े सभी ट्रैकिंग कोड बंद कर दिए हैं। कंपनी ने बताया कि यह फैसला रेफरल ट्रैकिंग के तरीकों और Affiliate Marketing Agreement के अनुपालन की समीक्षा के बाद लिया गया। Apex ने समीक्षा के नतीजे साझा नहीं किए और न ही स्पष्ट रूप से कहा कि Prop Firm Match ने समझौते का उल्लंघन किया था। कंपनी के मुताबिक एफिलिएट रेफरल पारदर्शी होने चाहिए, उनका श्रेय सही ढंग से दर्ज होना चाहिए और वे जिम्मेदार मार्केटिंग के अनुरूप होने चाहिए।
Tradeify ने भी उसी दिन कहा कि अपनी वेबसाइट पर आए रेफरल ट्रैफिक की समीक्षा के बाद उसने निष्कर्ष निकाला कि Prop Firm Match ने उसकी एफिलिएट शर्तों का उल्लंघन किया। कंपनी ने साझेदारी खत्म करने का फैसला किया। उसने यह भी कहा कि Prop Firm Match अब Premier Trading League (PTL) को प्रायोजित नहीं करेगा और वह अपने अन्य एफिलिएट साझेदारों के रेफरल जुटाने के तरीकों की समीक्षा करेगी।
Goat Funded Trader ने बताया कि रेफरल ट्रैकिंग की समीक्षा के बाद उसने एफिलिएट साझेदारी खत्म कर दी और संबंधित ट्रैकिंग कोड बंद कर दिए। Topstep ने कहा कि वह प्लेटफॉर्म के साथ अपना संबंध खत्म करेगा। Topstep के कार्यकारी Michael Patak ने कहा कि कंपनी साइट पर प्लेसमेंट के लिए हर महीने 10,000 डॉलर दे रही थी और वहां उसकी सबसे ऊंची रैंकिंग छठी थी। उनके मुताबिक, उन्होंने सुना था कि पहले स्थान के लिए हर महीने 100,000 डॉलर लिए जाते हैं। यह आंकड़ा Patak द्वारा साझा की गई जानकारी है; Prop Firm Match ने इसकी सार्वजनिक पुष्टि नहीं की है। समझौता खत्म होने से Topstep को हर महीने 10,000 डॉलर की बचत होगी।
एफिलिएट शर्तें और जांच के नतीजे अब भी बाकी
Prop Firm Match की एफिलिएट शर्तें छिपे हुए iframe रीडायरेक्ट, जबरन कुकी रखने और रेफरल रिकॉर्ड कृत्रिम रूप से बनाने के अन्य तरीकों पर रोक लगाती हैं। साइट यह भी बताती है कि एफिलिएट लिंक या कूपन कोड के जरिए उपयोगकर्ता के प्रॉप ट्रेडिंग चैलेंज खरीदने पर उसे कमीशन मिलता है। अगर साइट की सुविधाओं पर क्लिक करने से ट्रैकिंग शुरू होती है, तो विवाद इस बात पर है कि क्या उपयोगकर्ताओं को इसकी पर्याप्त जानकारी दी जाती है, रेफरल का श्रेय सही ढंग से दर्ज होता है और यह तरीका प्लेटफॉर्म के नियमों तथा एफिलिएट समझौतों के अनुरूप है।
सार्वजनिक जानकारी में FundingPips, GFFutures, Lucid Trading, Take Profit Trader, Blue Guardian और Alpha Capital के नाम भी उन फर्मों में शामिल हैं जिन्होंने कदम उठाया या प्लेटफॉर्म से दूरी बनाई। हर फर्म ने क्या कार्रवाई की, यह अलग-अलग है। Prop Firm Match ने Kane से कहा कि वह जांच कर रहा है और 24 घंटे के भीतर पूरा स्पष्टीकरण जारी करेगा। उस जवाब के समय तक उसने जांच के विस्तृत नतीजे प्रकाशित नहीं किए थे। आरोपों की पुष्टि होती है या नहीं, ट्रैकिंग किस तरह काम करती है और साझेदारियां खत्म होने के बाद कमीशन का हिसाब कैसे होगा—इन बातों पर प्लेटफॉर्म और संबंधित कंपनियों का स्पष्टीकरण अभी बाकी है।