अमेरिकी ऊर्जा मंत्री के दावे: मध्य पूर्व तेल प्रवाह हुआ बहाल
अमेरिका के ऊर्जा मंत्री क्रिस राइट ने हाल ही में बताया कि मध्य पूर्व में तेल की डिलीवरी लगभग 15 मिलियन बैरल प्रति दिन के स्तर पर पहुंच गई है और पिछली संधर्ष से पहले के औसत से भी ऊपर चली गई। उनकी बात का आधार नया पाइपलाइन नेटवर्क है, जो फिलहाल हॉरमूज जलसंधि के बाधित मार्ग को बाईपास कर रहा है, ताकि कच्चे तेल की निरंतर आपूर्ति बनी रहे।
विशेषज्ञ और बाजार आंकड़ों में भारी मतभेद
हालांकि इस दावे को लेकर बाजार में संशय है। आरबीसी कैपिटल मार्केट्स के कमोडिटी स्ट्रेटेजी प्रमुख हेलिमा क्रॉफ्ट के अनुसार, तेल का प्रवाह अभी ‘‘काफी दूर है सामान्य स्तर से’’ जबकि यह कथा पिछले छह महीने से जोरशोर से चल रही है। कप्रल के शोध प्रमुख मैट स्मिथ ने उनके अवलोकन को सही ठहराया और कहा कि वास्तविकता और राइट के दावे में काफी भिन्नता है।
हाल के हॉरमूज जलसंधि मॉनिटरिंग आंकड़ों के मुताबिक, इस बुधवार तक इस जल मार्ग से औसतन केवल 8 जहाज गुजर रहे थे, जो युद्ध पूर्व औसत 60 जहाजों की तुलना में लगभग 87% कम है। कप्रल के आंकड़े भी इस तथ्य की पुष्टि करते हैं, जो बताता है कि यह प्रमुख तेल मार्ग अभी भी पूरी तरह से सक्रिय नहीं है।
वैकल्पिक मार्ग और पाइपलाइनों का योगदान
यद्यपि हॉरमूज जलसंधि की सीमित पहुंच बनी हुई है, लेकिन मुख्य आपूर्ति दबाव को कुछ हद तक नई पाइपलाइनों और वैकल्पिक मार्गों के जरिए कम किया गया है। अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा एजेंसी (IEA) और अमेरिकी ऊर्जा सूचना एजेंसी (EIA) के आंकड़े बताते हैं कि कुल मिलाकर तेल प्रवाह अभी भी पूर्ण रूप से युद्ध पूर्व स्तर पर नहीं पहुंचा है, जो विशेषज्ञों के संदेह को और मजबूत करता है।
राजनीतिक दावे और वास्तविकता में अंतर से बाजार में असमंजस
अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति ट्रंप ने बार-बार दावा किया है कि अमेरिका हॉरमूज जलसंधि पर ‘‘पूर्ण नियंत्रण’’ रखता है, परंतु इस नियंत्रण का असर जहाजों की आवाजाही पर दिखाई नहीं देता। सरकारी बयानों और बाजार के वास्तविक आंकड़ों में यह अंतर निवेशकों और बाजार के लिए अनिश्चितता पैदा कर रहा है।
निष्कर्ष के रूप में, जबकि कुछ पाइपलाइनों के पुन: संचालन से स्थिति में आंशिक सुधार आया है, मध्य पूर्व के तेल प्रवाह पर भू-राजनीतिक विवाद और भौतिक अवसंरचना की चुनौतियां अभी भी बना हुआ हैं। बाजार के विशेषज्ञ और निवेशक आगामी आंकड़ों और क्षेत्रीय गतिशीलता पर निगाह रखे हुए हैं।