व्हाइट हाउस के अनुसार, अमेरिका 30 अक्टूबर से कनाडा के कुछ सामानों पर मौजूदा टैरिफ हटाएगा, जबकि कुछ अन्य उत्पादों को टैरिफ सूची में शामिल करेगा। बदलाव में लकड़ी, कागज, मशीनरी, रेफ्रिजरेशन उपकरण और पैकेजिंग के साथ-साथ वाल्व, कालीन और कचरे की कुछ श्रेणियां शामिल हैं। अमेरिका-कनाडा व्यापार तनाव के बीच इन बदलावों से सीमा-पार खरीद लागत और कृषि व वानिकी जैसे क्षेत्रों की आपूर्ति शृंखलाओं पर असर पड़ सकता है। कनाडा ने घोषणा पर अभी प्रतिक्रिया नहीं दी है।
टैरिफ सूची से कुछ उत्पाद हटेंगे, कुछ जुड़ेंगे
व्हाइट हाउस ने बताया कि संशोधित सूची से कनाडा के कई तरह के सामान हटाए जाएंगे। इनमें प्लाईवुड, कुछ कागज उत्पाद, चुनिंदा मशीनरी और रेफ्रिजरेशन उपकरण तथा कुछ कार्टन और लकड़ी के बक्से शामिल हैं। वहीं कुछ वाल्व, कालीन और कचरा उत्पाद सूची में जोड़े जाएंगे। अब तक जारी जानकारी में हर प्रभावित उत्पाद का टैरिफ कोड या उसकी संशोधित दर नहीं बताई गई है।
यह बदलाव कनाडाई सामानों पर टैरिफ की व्यापक वापसी नहीं है। अमेरिका पहले कुछ कनाडाई उत्पादों पर 50% तक शुल्क लगा चुका है; नए कदम केवल तय वस्तुओं पर लागू होंगे। कुछ कृषि और वानिकी उत्पादों के साथ उनके उत्पादन में इस्तेमाल होने वाले उपकरणों और पैकेजिंग को छूट मिलने से कनाडाई आपूर्तिकर्ताओं पर निर्भर अमेरिकी कारोबारों की खरीद लागत घट सकती है। हालांकि, सूची में नए उत्पाद भी जोड़े जा रहे हैं, इसलिए कंपनियों को अंतिम सूची और लागू दरों की जांच करनी होगी।
मेन के उत्पादक लागत पर नजर रखे हुए हैं
टैरिफ छूट की चर्चा में मेन राज्य के कृषि उत्पादक खास तौर पर शामिल हैं। वहां के कुछ किसान और उत्पादक विशेष उपकरणों, पैकेजिंग और अन्य सामानों के लिए कनाडाई आपूर्तिकर्ताओं पर निर्भर हैं। जब अमेरिकी विकल्प उपलब्ध न हों या आपूर्तिकर्ता बदलना महंगा पड़े, तो टैरिफ उत्पादन और परिचालन लागत बढ़ा सकते हैं।
मेन में ब्लूबेरी, आलू, सेब और समुद्री शैवाल के उत्पादकों को संभावित लाभ हो सकता है। अमेरिका-कनाडा सीमा के दोनों ओर आर्थिक संबंध घनिष्ठ हैं और कई महीनों से जारी टैरिफ विवाद का असर सीमा-पार व्यापार पर निर्भर राज्यों पर पड़ा है। संशोधित सूची से कारोबार की लागत वास्तव में कितनी घटेगी, यह इस बात पर निर्भर करेगा कि किन उत्पादों को अंतिम छूट मिलती है और सूची में नए जोड़े गए सामानों पर अतिरिक्त शुल्क लगता है या नहीं।
अमेरिका-कनाडा की व्यापक व्यापार वार्ता अब भी अटकी
गर्मियों में दोनों देशों के बीच व्यापार वार्ता टूट गई थी, जिसके बाद टैरिफ संबंधी कदम तेज हुए। कनाडा ने कहा है कि वह ऐसा समझौता करने को तैयार है जिससे दोनों पक्षों को लाभ हो, लेकिन जरूरत पड़ने पर बातचीत का इंतजार भी कर सकता है। दोनों देशों की आर्थिक संबंध सलाहकार समिति के सदस्यों ने अप्रैल 2026 से अब तक हाल में अपनी नौवीं बैठक की, जिसमें कनाडा पर अमेरिकी टैरिफ के जारी असर पर चर्चा हुई।
व्हाइट हाउस ने इन उपायों को अमेरिकी कामगारों की रक्षा, निष्पक्ष व्यापार को बढ़ावा देने और कनाडा द्वारा अमेरिकी कारोबारों के साथ किए जा रहे कथित अनुचित व्यवहार की भरपाई से जोड़ा। कनाडा ने टैरिफ घोषणा पर अब तक जवाब नहीं दिया है और दोनों सरकारों ने व्यापक व्यापार समझौते की घोषणा भी नहीं की है। कारोबार अब प्रभावित उत्पादों, लागू दरों और इस बात पर अधिक जानकारी की प्रतीक्षा कर रहे हैं कि आगे की बातचीत से कनाडाई सामानों पर अन्य शुल्क बदलेंगे या नहीं।